Monday, April 27th, 2026

पहले की दोस्ती फिर लेनदेन कर किया नाबालिक बच्चों को ब्लैकमेल

टीकमगढ़ 
पहले दोस्ती, फिर लेनदेन और जब राशि नहीं दी तो नाबालिक स्टूडेंट्स के साथ मारपीट कर ब्लैकमेलिंग शुरू हो गई। बार-बार की यातना से तंग परेशान छात्रों ने जब इस बात की जानकारी माता-पिता को दी तो मामला कोतवाली पहुंचने में देर नहीं हुई। पुलिस ने नाबालिग  छात्रों के बताए अनुसार अलग-अलग दो फिर दर्ज की इनमें करीब सात बच्चों पर मामला दर्ज हुआ। जिसमे 1 कॉलेज का छात्र है। राशि हड़पने और दबाव बनाने का मामला शहर के गलियारों में सुर्खियों में बना रहा। 

इस मामले में पुलिस ने चार लोगों को थाने में पूछताछ के लिए बैठा लिया जिसमें एक छात्र बालिग भी बताया गया जिसका नाम हर्ष भारती है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है ।आज शनिवार के दिन ब्लैकमेल हुए बच्चों के पुलिस ने बयान भी लिए हैं ।यह टीकमगढ़ का बहुत बड़ा मामला उजागर हुआ। जानकारी के अनुसार शहर के झांसी मार्ग पर संचालित दो निजी स्कूलों के यह बच्चे हैं । 

बच्चों ने बताया कि नंदीश्वर कॉलोनी एवं पुलिस लाइन निवासी युवकों द्वारा लगातार ब्लैकमेल किया जा रहा है मारपीट वह डरा धमका कर रूपों की मांग करते हैं। दोनों ने मारपीट और डरा धमका कर अब तक एक नाबालिक से पैतालीस हजार रुपए और दो अन्य नाबालिग से एप्पल का फोन और सोने के आभूषण भी ले लिए जब रुपए देने से मना किया तब इन बच्चों को डंडों से मारा पीटा गया जब बचाने के लिए उसका दोस्त वहां आया तो उसके साथ भी मारपीट की गई।इस दौरान दोनों युवकों ने मारपीट का वीडियो भी बना लिया डर के कारण बच्चों ने अपने घर पर कुछ नहीं बताया और दोनों युवक रोज परेशान कर रुपयों की मांग करने लगे। 

पुलिस ने धारा 115(2)308 (2) 3(5)बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया है। वही पार्षद अंशुल मोना जैन कोतवाली में आवेदन देकर बताया कि उनका पुत्र नजरबाग में सहपाठियों के साथ क्रिकेट खेलने जाता था, कई महीनो से यह अपराधी किस्म के बच्चे एवं एक कॉलेज का छात्र मेरे बेटे से मारपीट कर रहा था और पैसों की मांग कर रहा और पैसे भी ले लिए लेकिन इसकी जानकारी मेरा बेटा नहीं देता था क्योंकि वह बहुत डरा और सहमा हुआ था। नाबालिक छात्रों के साथ मारपीट और ब्लैकमेलिंग जैसे मामले की जानकारी जैसे ही शहर के लोगों को हुई तब जनप्रतिनिधियों समाज सेवियों और आम जन कोतवाली पहुंचकर टी आई बृजेंद्र चाचौंदिया से बातचीत की और मामले पर कार्रवाई की बात कही लेकिन टीआई बृजेंद्र चाचौंदिया ने रिपोर्ट लिखने में आनाकानी करते रहे। 

जब शहर के लोग इस मामले को लेकर कोतवाली में इकट्ठे हुए और टी आई द्वारा रिपोर्ट ना लिखे जाने पर मामला बिगड़ने लगा तब एसपी विक्रम सिंह तत्काली थाने पहुंचे और मारपीट एवं ब्लैकमेलिंग करने वाले बच्चों वालों पर मामला दर्ज कर दिया।

 

Source : Agency

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