Friday, April 17th, 2026

असम में महिलाओं को 9 हजार रुपये की सौगात, चुनाव से पहले बड़ा मास्टरस्ट्रोक

असम
असम में 40 लाख परिवारों की महिलाओं को 9,000-9,000 रुपये उनके बैंक खातों में भेजे गए। राज्य सरकार की योजना अरुणोदय के तहत मंगलवार को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए शिफ्ट की गई। मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने गुवाहाटी में आयोजित केंद्रीय समारोह में इसकी शुरुआत की। उन्होंने कहा कि यह राशि राज्य सरकार की करुणामयी नीति का प्रतीक है, जो महिलाओं के नेतृत्व वाले घरों को मजबूत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। मुख्यमंत्री कार्यालय ने एक्स पर पोस्ट करते हुए इसे महिलाओं की वित्तीय सुरक्षा और गरिमा को मजबूत करने वाली पहल बताया।

राज्य भर में 3,800 से अधिक सार्वजनिक कार्यक्रमों के जरिए लाभार्थी महिलाएं वर्चुअली जुड़ीं, जिसमें गांव पंचायतें, स्वायत्त परिषद क्षेत्र, ग्राम विकास समितियां और शहरी वार्ड समितियां शामिल थीं। अरुणोदय योजना की शुरुआत वर्ष 2020 में भाजपा सरकार की ओर से गरीबी उन्मूलन के लिए की गई थी। इस योजना के तहत प्रत्येक पात्र परिवार की एक महिला को प्रतिमाह 1,250 रुपये की सहायता प्रदान की जाती है। मुख्यमंत्री ने पहले घोषणा की थी कि इस साल जनवरी से चार महीनों की राशि (5,000 रुपये) के साथ बोहाग बिहू (असमिया नववर्ष) के अवसर पर अतिरिक्त राशि मिलाकर कुल 9,000 रुपये मार्च में एक साथ दिए जाएंगे।

एकमुश्त मिली आर्थिक सहायता राशि
रिपोर्ट के मुताबिक, इस तरह लाखों महिलाओं को एकमुश्त आर्थिक सहायता मिली, जो उनके परिवारों के लिए अहम सहारा साबित होगी। योजना केवल खास मानदंडों को पूरा करने वाली महिलाओं तक सीमित है, जिससे इसका दायरा नियंत्रित और टारगेटेड है। सीएम सरमा ने कहा कि अरुणोदय योजना का आगामी विधानसभा चुनावों से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों की तरह यहां कोई सामूहिक या सार्वभौमिक हस्तांतरण नहीं किया जाता। अगर यह चुनावी लाभ के लिए होती तो सभी को कवर किया जाता, लेकिन यह एक नियंत्रित और चयनित योजना है। सरमा ने दावा किया कि पिछले 6 वर्षों से सरकार करुणा के साथ इसे चला रही है।

हिमंता बिस्वा सरमा ने जोर देकर कहा कि चुनाव जीतने का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा को जाता है, न कि योजनाओं को। अन्य विपक्षी शासित राज्यों में भी ऐसी योजनाएं चल रही हैं, लेकिन असम की यह योजना महिलाओं के सशक्तिकरण पर केंद्रित है। यह योजना असम में महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और परिवारों में उनकी भूमिका को बढ़ाने में अहम साबित हो रही है। लाखों महिलाओं को नियमित सहायता मिलने से उनकी गरिमा और आत्मविश्वास में वृद्धि हुई है। मुख्यमंत्री ने इस बात पर बल दिया कि ऐसी योजनाएं राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि निरंतर सामाजिक कल्याण के लिए चलाई जानी चाहिए।

 

 

#4 million women

Source : Agency

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